बीएएमएस (BAMS) क्या है ?

अगर आप डॉक्टर बनने के बारे में सोच रहे हैं और आपको मेडिकल फील्ड में इंटरेस्ट है लेकिन समझ में नहीं आ रहा है किस फील्ड में डॉक्टर बनकर अपार सफलता हासिल की जा सकती है तो हम आज एक ऐसे कोर्स के बारे में बताने जा रहे हैं जिस का प्रचलन भारत में दिन प्रतिदिन बढ़ रहा है।पूरी दुनिया में आर्युवेदिक दवाओं का प्रचलन बढ़ रहा है क्योंकि केवल आयुर्वेदिक दवाओं में ही बीमारी को ठीक करने के अलावा पूरी बिमारी जड़ से समाप्त समाप्त करने की क्षमता है।



यही वजह है की भारत में आर्युवेद चिकित्सा पद्धति को काफी महत्व दिया जा रहा है। सभी हॉस्पिटल में एक आर्युवेद डॉक्टर अनिवार्य कर दिया गया है। भारत सरकार आर्युवेद के क्षेत्र को बढ़ाने हेतु विदेश से आने वाले पर्यटकों के लिए पंचकर्म केंद्र बनाया जा रहे हैं। तो चलिए आपको आर्युवेदिक डॉक्टर बनने की पूरी प्रोसेस बताते हैं। आयुर्वेदिक डॉक्टर बनने के लिए बीएएमएस (BAMS) कोर्स करना पड़ता है तो आज हम इस पोस्ट में बीएएमएस कोर्स क्या है, कैसे करें इत्यादि के बारे में विस्तार से बताएंगे।

डॉक्टर (Doctor) कैसे बने

 बीएएमएस (BAMS) क्या है?

Table of Contents

बीएएमएस (BAMS) यानी बैचलर ऑफ आयुर्वेदिक मेडिसिन एंड सर्जरी एक अंडर ग्रैजुएट मेडिकल कोर्स है, जो सेंट्रल काउंसिल ऑफ इंडियन मेडिसिन द्वारा मान्यता प्राप्त है। नाम से ही पता चलता है कि BAMS आयुर्वेदिक क्षेत्र से जुड़ा कोर्स है जिसमें छात्रों को आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति और आधुनिक दवाइयों के बारे में बताया जाता है। इस कोर्स को 1 साल की इंटर्नशिप के साथ 5 साल 6 महीने में पूरा किया जाता है।




छात्रों को इस कोर्स के द्वारा शरीर संरचना विज्ञान, विष विज्ञान, फार्मोकोलॉजी, फॉरेंसिक चिकित्सा, रोगों का निदान एवं बचाव, आदि के बारे में सम्पूर्ण शिक्षा प्रदान की जाती है।

बीएएमएस का फुल फॉर्म (BAMS Full Form)

बीएएमएस (BAMS) का फुल फॉर्म “बैचलर ऑफ आयुर्वेदिक मेडिसिन एंड सर्जरी” होता है। BAMS Full Form In Hindi का मतलब “आयुर्वेदिक चिकित्सा और सर्जरी” में स्नातक होता है।

बीएएमएस (BAMS) कोर्स के फायदे

पूरी दुनिया में आयुर्वेदिक निर्माता कंपनियों की संख्या बढ़ रही है जिससे इस क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़ रहे है। बीएएमएस कोर्स करने के निम्नलिखित फायदे नीचे दर्शाए गए हैं।

  • इस कोर्स को करने के बाद आपको आयुर्वेदिक डॉक्टर की उपाधि मिलेगी।
  • दूसरे क्षेत्र के डॉक्टर के मुकाबले इस क्षेत्र में कम कंपटीशन होने के कारण जल्दी से नौकरी मिलने की संभावना बढ़ जाता है।
  • इस कोर्स की माध्यम से नई नई दवाइयों को कैसे बनाया जाता है इसकी पढ़ाई करवाई जाती है। एक्सपीरियंस हो जाने के बाद आप नए दवाई की खोज कर सकते है।
  • इस कोर्स के करने के बाद भारत के अलावा श्रीलंका, नेपाल, बांग्लादेश में कहीं भी आयुर्वेदिक क्षेत्र में नौकरी पा सकते हैं।
  • इस कोर्स को करने के बाद अच्छी सैलरी मिल सकती है।
  • इसके अलावा कोर्स पूरा करने के बाद खुद की क्लिनिक या हॉस्पिटल खोल सकते हैं।

बीएएमएस कोर्स के लिए योग्यता क्या है (BAMS Course Eligibility)

आयुर्वेदिक क्षेत्र के सबसे प्रमुख बीएएमएस कोर्स की योग्यता को नीचे दर्शाया गया है। अगर आप इस कोर्स को पूरा करने की सोच रहे हैं तो निम्नलिखित दिशानिर्देश का पालन करते हुए इस कोर्स में नामांकन लेकर डॉक्टर बन सकते हैं।

  • इस कोर्स को करने के लिए किसी भी व्यक्ति की न्यूनतम उम्र 17 वर्ष से अधिक होना चाहिए।
  • स्टूडेंट को किसी भी मान्यता प्राप्त बोर्ड से 12वीं कक्षा पास होना अनिवार्य है।
  • विद्यार्थियों को 11वीं और 12वीं की कक्षा में विज्ञान विषय से पास होना जरूरी है। विज्ञान विषय के अलावा किसी दूसरे विषय से पास करने पर एडमिशन की संभावना कम हो जाती है।
  • सभी स्टूडेंट को इस कोर्स के लिए 12वीं कक्षा में 50 परसेंट अंक के साथ पास होना अनिवार्य है। आरक्षण नीति के अनुसार आरक्षित श्रेणी के उम्मीदवारों को छूट दिया जाता है।
  • अगर आप उपरोक्त सभी मान्यताओं में खरे उतरते हैं तो आप बीएएमएस कोर्स करने के लिए योग्य हैं।

पैथोलॉजी क्या होता है ?

बीएएमएस (BAMS ) कोर्स की अवधि क्या है? (BAMS Course Duration)

इस कोर्स को पूरा करने के लिए साढे 5 साल (5 साल 6 महीने) का समय लगता है। इस दौरान छात्रों को 1 साल का इंटर्नशिप करने का मौका दिया जाता है।

1 साल की इंटर्नशिप ट्रेनिंग में प्राप्त अनुभव के बाद आप आयुर्वेदिक डॉक्टर के तौर पर कार्य करने के लिए योग्य माने जाएंगे। बता दें बीएएमएस कोर्स में नामांकन लेने के लिए उम्मीदवार को एंट्रेंस एग्जाम क्लियर करना पड़ता है जिसकी तैयारी के लिए भी समय लगता है।

बीएमएस कोर्स टॉप कॉलेजेस | BAMS Top Collage

इस कोर्स को पूरा करने के लिए आप सरकारी कॉलेज या प्राइवेट कॉलेज में नामांकन करा सकते हैं। नीचे भारत के टॉप कॉलेज का विवरण दिया गया है जिसमें बीएएमएस का कोर्स कराया जाता है।

  • पतंजलि आयुर्वेद कॉलेज, हरिद्वार |
  • अलीगढ़ आयुर्वेदिक व यूनानी चिकित्सा महाविद्यालय, अलीगढ़ |
  • आयुर्वेद महाविद्यालय, वाराणसी |
  • राजकीय आयुर्वेद महाविद्यालय, कन्नूर |
  • गवर्नमेंट अष्टांग आयुर्वैदिक कॉलेज, इंदौर |
  • सुमतिभाई शाह आयुर्वेद महाविद्यालय मालवाड़ी, पुणे |
  • डॉक्टर एनटीआर यूनिवर्सिटी ऑफ हेल्थ साइंस, विजयवाड़ा |
  • डॉ डी वाय पाटील यूनिवर्सिटी, नवी मुंबई |
  • नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ आयुर्वेद, जयपुर |
  • विदर्भ आयुर्वेद महाविद्यालय, अमरावती |
  • राजकीय अखंडानंद आर्युवेद कॉलेज, अहमदाबाद |
  • डॉक्टर जी डी पॉल फाउंडेशन वाईएमटी आयुर्वैदिक मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल पीजी इंस्टीट्यूट, नवी मुंबई |
  • CH ब्रह्म प्रकाश आयुर्वेद चरक संस्थान, नई दिल्ली |
  • भारती विद्यापीठ डीम्ड यूनिवर्सिटी कॉलेज ऑफ़ आयुर्वेद पुणे |
  • राजकीय आयुर्वेद कॉलेज, वडोदरा |
  • यशवंत आयुर्वेदिक कॉलेज, कोल्हापुर |
  • डॉ शिव शक्ति लाल शर्मा आयुर्वैदिक मेडिकल कॉलेज, रतलाम |
  • अभिलाषी यूनिवर्सिटी, मंडी |
  • ज्योति विद्यापीठ वुमन यूनिवर्सिटी, जयपुर |
  • जूपिटर आयुर्वेद मेडिकल कॉलेज, नागपुर |
  • श्री स्वामीनारायण आयुर्वैदिक कॉलेज, कलोल |

ऊपर दिए गए सभी संस्थान में बीएएमएस का कोर्स करवाया जाता है। अगर आप आयुर्वेदिक डॉक्टर बनना चाहते हैं तो इनमें से किसी एक कॉलेज में नामांकन करवा सकते है।

बीएमएस (BAMS ) कोर्स की फीस

इस कोर्स को सरकारी कॉलेज और प्राइवेट कॉलेज के माध्यम से पूरा किया जाता है जिसके कारण बीएएमएस कोर्स को करने की राशि अलग-अलग होती हैं। इस कोर्स की औसतन फीस 10 हजार प्रति वर्ष से लेकर 2 लाख प्रति वर्ष तक होती है।

कार्डियोलॉजिस्ट ( cardiologist) क्या होता है ?

बीएमएस (BAMS ) कोर्स हेतु सरकारी कॉलेज फीस

कॉलेजटोटल फीस
राजकीय अष्टांग आयुर्वेद कॉलेज, इंदौर2 लाख 60 हजार रुपया
नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ आयुर्वेद, जयपुर88 हजार 350 रूपए
राजकीय आयुर्वेद कॉलेज, वडोदरा18 हजार रुपया
राजकीय अखंडानंद आयुर्वेद कॉलेज, अहमदाबाद18 हजार रूपए
डॉक्टर एनटीआर यूनिवर्सिटी ऑफ हेल्थ साइंस, विजयवाड़ा38 हजार 250 रुपया
Ch ब्रह्म प्रकाश आयुर्वेद चरक संस्थान, नई दिल्ली2 लाख 93 हजार

बीएमएस (BAMS ) फीस इन प्राइवेट कॉलेज

Private CollegeBAMS Course Total Fees
पतंजलि आयुर्वेदिक कॉलेज, हरिद्वार₹9,67,000
सुमंती भाई शाह आयुर्वेद महाविद्यालय मालवाड़ी पुणे₹7,87,000
डॉ डी वाय पाटील यूनिवर्सिटी नवी मुंबई₹2,70,000
विदर्भ आयुर्वेदिक महाविद्यालय अमरावती2,85,000
भारती विद्यापीठ डीम्ड यूनिवर्सिटी कॉलेज ऑफ़ आयुर्वेद पुणे15,71,000
अभिलाषी यूनिवर्सिटी मंडी16 लाख 50 हजार
जूपिटर आयुर्वेद मेडिकल कॉलेज नागपुर4,95,000
यशवंत आयुर्वेदिक कॉलेज कोल्हापुर11 लाख 11 हजार
ज्योति विद्यापीठ वुमन यूनिवर्सिटी जयपुरलगभग 20 लाख
श्री स्वामीनारायण आयुर्वैदिक कॉलेज कलोल11 लाख 17 हजार

नोट:- ऊपर दिए गए सरकारी कॉलेज और प्राइवेट कॉलेज की फीस केवल अनुमानित है। इसे फाइनल फीस न माने। क्योंकि समय समय पर कॉलेज के पाठ्यक्रम और फीस बदलते रहते हैं। बीएएमएस कोर्स की फीस का सही आंकड़ा जानने के लिए संबंधित कॉलेज की ऑफिशियल वेबसाइट को चेक कर सकते है।

बीएएमएस (BAMS ) कोर्स कैसे करें?

बीएएमएस कोर्स पूरा करने के बाद आप आसानी से डॉक्टर की नौकरी पा सकते हैं। बीएएमएस कोर्स करने के लिए नीचे दिए गए इस चरणों को फॉलो करना होगा।

  • सबसे पहले दसवीं की परीक्षा उत्तीर्ण करें उसके बाद 12वीं में साइंस विषय का चयन करें।
  • इसके बाद बीएएमएस का कोर्स करने के लिए 50% परसेंट अंक के साथ 12वीं में पास होना बेहद जरूरी है।
  •  भारत के सभी कॉलेज एंट्रेंस एग्जाम के द्वारा एडमिशन देते है। आप इंडिया लेवल एंट्रेंस एग्जाम के लिए अप्लाई कर सकते है।
  • अगर आप एंट्रेंस एग्जाम में अच्छे अंक लाए हैं तो इसके बाद मेरिट लिस्ट जारी की जाती है।
  • मेरिट लिस्ट जारी होने के बाद बीएएमएस कोर्स के लिए दाखिला ले पाएंगे।

नोट:- कुछ कॉलेज बीएएमएस (BAMS ) कोर्स के लिए डायरेक्ट नामांकन देता है जिसके लिए आप ऑनलाइन अप्लाई कर सकते हैं।

बीएएमएस (BAMS ) कोर्स के लिए टॉप एंट्रेंस एग्जाम

भारत भर में इस कोर्स के लिए कई एंट्रेंस एग्जाम मौजूद हैं नीचे कुछ एंट्रेंस एग्जाम के नाम दिए गए हैं।

  • नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ आयुर्वेद एंट्रेंस एग्जाम |
  • केरला स्टेट एंटरेंस एक्जाम |
  • कॉमन एंट्रेंस टेस्ट सीईटी कर्नाटक |
  • उत्तराखंड पीजी मेडिकल एंट्रेंस एग्जाम |
  • आयुष इंट्रेंस एग्जाम |

आप बीएएमएस कोर्स में दाखिला लेना चाहते हैं तो इन एंट्रेंस एग्जाम को क्लियर करके टॉप संस्थान में नामांकन ले सकते हैं। एंट्रेंस एग्जाम में 11वीं और 12वीं कक्षा के साइंस सब्जेक्ट से क्वेश्चन पूछे जाते हैं।

बीएएमएस (BAMS ) कोर्स का सिलेबस क्या है?

बीएएमएस कोर्स की अवधि 5 साल की होती है जिनमें 1 साल का इंटर्नशिप होती है। नीचे इस कोर्स के सिलेबस की जानकारी दी गई है

बीएएमएस कोर्स 1st Year’s Syllabus

इस कोर्स में पहले वर्ष पांच विषयों की पढ़ाई करवाई जाती है।

  • पदार्थ विज्ञान और आर्युवेद इतिहास |
  • संस्तृत |
  • क्रिया शरीर |
  • मौलिक सिद्धांत और अष्टांग हृदय |
  • रचना शरीर |

बीएएमएस कोर्स 2nd Year’s Syllabus

इस कोर्स में पहले वर्ष चार विषयों की पढ़ाई करवाई जाती है।

  1. द्रव्यगुण विजनन |
  2. चरक सहिंता ( पूर्वार्ध खंड 1)
  3. अगद तंत्र, व्यवहार आयुर्वेद और विधि वैद्यक |
  4. रसशास्त्र और भैषज्य कल्पना |

 बीएएमएस कोर्स 3rd Year’s Syllabus

इस कोर्स के दौरान पहले वर्ष चार विषयों की पढ़ाई करवाई जाती है।

  1. रोग निदान और विकृति विज्ञान |
  2. स्वस्थ वृत एंव योग |
  3. चरक सहिंता (पूर्वार्ध खंड 2)
  4. कौमारभृत्य |
  5. बल रोग प्रसूति तंत्र और स्त्री रोग |

बीएएमएस कोर्स 4th Year’s Syllabus

इस कोर्स में शुरुवाती वर्ष इन 8 विषयों की पढ़ाई करवाई जाती है।

  1. कायाचिकित्सा ( मानस रोग, रसायन और वाजीकरण सहिंत)
  2. शल्य तंत्र |
  3. पंचकर्म |
  4. शल्य तंत्र |
  5. अनुसंधान क्रियाविधि एवं चिकित्सा सांख्यिकी |
  6. शालक्य तंत्र |
  7. अनुसंधान क्रियाविधि एवं चिकित्सा सांख्यिकी |
  8. शालक्य तंत्र |

बीएएमएस कोर्स के पांचवे साल इंटर्नशिप दिया जाता है।

बीएएमएस (BAMS ) कोर्स में करियर संभावनाएं

अगर आप बीएएमएस (BAMS ) कोर्स में सफलतापूर्वक डिग्री हासिल कर चुके हैं तो इस क्षेत्र में कैरियर के काफी ऑप्शन मिलते हैं। इस कोर्स को पूरा करने के बाद आप प्राइवेट और सरकारी सेक्टर में आयुर्वेद डॉक्टर बन सकते हैं।

भारत में हॉस्पिटल नर्सिंग होम और क्लीनिक की संख्या लगातार बढ़ रही है जिसकी वजह से डॉक्टर नर्सेज की जरूरत भी बढ़ रही है। अगर आप बीएएमएस डिग्री होल्डर हैं तो आपको जॉब्स के लिए ज्यादा भटकना नहीं पड़ेगा आप हॉस्पिटल नर्सिंग होम और क्लीनिक में आसानी से जॉब पा सकते हैं। इसके अलावा अगर आप जॉब नहीं करना चाहते हैं तो खुद का अपना हॉस्पिटल या क्लिनिक खोल सकते हैं। हॉस्पिटल खोलने के रजिस्ट्रेशन में आपका बीएएमएस की डिग्री काफी ज्यादा काम आएगी।

यूरोलॉजी (Urology) क्या होता है ?

 बीएएमएस (BAMS ) कोर्स जॉब प्रोफाइल

बीएमएस (BAMS ) कोर्स के पूरा करने के बाद डॉक्टर बनने के अलावा कई जॉब प्रोफाइल हैं। नीचे कुछ जॉब प्रोफाइल दिए गए है, जो आर्युवेद श्रेणी में आते हैं।

  • थैरेपिस्ट |
  • लेक्चरर |
  • आयुर्वेदिक फार्मासिस्ट |
  • मेडिकल सेल्स रिप्रेजेंटेटिव |
  • साइंटिस्ट |
  • प्रोडक्ट मेनेजर |
  • सेल्स एग्जीक्यूटिव |
  • जूनियर क्लीनिक ट्रायल कार्डिनेटर |

बीएएमएस कोर्स के बाद कहा कहा जॉब मिलेगी?

इस कोर्स को करने के बाद कई प्राइवेट और सरकारी क्षेत्र में जॉब आसानी से प्राप्त की जा सकती है।

  • गवर्मेंट हॉस्पिटल |
  • प्राइवेट हॉस्पिटल |
  • क्लिनिक्स |
  • नर्सिंग होम्स |
  • एजुकेशन सेक्टर |
  • आयुर्वेदिक रिसोर्ट |
  • हेल्थ केयर आईटी |
  • कॉलेज |
  • पंचकर्म आश्रम |
  • इसोरेंस सेक्टर |
  • फार्मेसी सेक्टर |
  • लाइफ साइंस सेक्टर |

टॉप प्राइवेट रिक्रूटर्स कम्पनी

बीएएमएस (BAMS) डिग्री के पश्चात नीचे दी गई प्राइवेट कंपनी में आसानी से जॉब प्राप्त कर सकते हैं।

  • हिमालया ड्रग कंपनी |
  • पतंजलि |
  • विको लेवोरेट्री |
  • डाबर |
  • ईमानी |
  • बैधनाथ |
  • चरक फार्मा |
  • झंडू फार्मा |
  • हमदर्द |
  • सूर्या हर्बल लिमिटेड |

बीएएमएस की सैलरी | BAMS Salary

बीएएमएस (BAMS) कोर्स की डिग्री प्राप्त कर लेने के बाद आप आयुर्वेद डॉक्टर के रूप में प्राइवेट संस्थान के लिए कार्य करेंगे तो आसानी से 25 हजार से लेकर ₹50000 तक कि सैलरी मिल सकती हैं।

जबकि सरकारी संस्थान में आर्युवेद डॉक्टर की नौकरी प्राप्त करने पर आपको 70 हजार से 5 लाख प्रति महीने तक वेतन मिल सकता है।

नोट:- आयुर्वेद डॉक्टर की सैलरी उनके एक्सपीरियंस के आधार पर कम या अधिक हो सकती है।

D Pharma क्या होता है ?

Leave a Comment