एबीवीपी (ABVP) का फुल फॉर्म

एबीवीपी (ABVP) एक भारतीय (Indian) छात्र संगठन है जो कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से जुड़ा है | एबीवीपी (ABVP) की शुरुवात 9 जुलाई 1949 को हुई थी | यह तीन मिलियन से अधिक सदस्यों के साथ भारत का सबसे बड़ा छात्र संगठन होने का दावा करता है | इसका मूल उद्देश्य विश्वविद्यालय परिसरों पर कम्युनिस्ट प्रभावों का सामना करना था |आइये आगे हम एबीवीपी से जुडी सारी जानकारी जानेगे जैसे इसका फुल फॉर्म, इतिहास, एबीवीपी के मेम्बर कैसे बने और whatsapp ग्रुप कैसे ज्वाइन करे |

ABVP का फुल फॉर्म क्या होता है

एबीवीपी (ABVP) का फुल फॉर्म (Akhil Bharatiya Vidyarthi Parishad) है जो अपने आप में एक बहुत विशाल छात्र समूह है | एबीवीपी (ABVP) का  हिंदी में फुल फॉर्म अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् है | इसका ऑफिसियल स्लोगन या नारा ““ज्ञान, शील, एकता” है यह एक राईट विंग का ग्रुप है जोकि आरएसएस से पुन्रनिर्मित है | यह भाजपा की आधिकारिक युवा शाखा भी कहा जाता है | यह संगठन छात्रों से आरम्भ हुआ है छात्रों की समस्याओं के निदान हेतु एक एकत्रित छात्र शक्ति का परिचायक है। विद्यार्थी परिषद् के तहत , छात्रशक्ति ही राष्ट्रशक्ति होती है। विद्यार्थी परिषद् का मुख्य  अभिप्रायः राष्ट्रीय पुनर्निर्माण है।

छात्र हित और राष्ट्र हित से जुड़े प्रश्नों को संगठन ने स्थापना काल से ही प्रमुखता से उठाया है, और देशव्यापी आंदोलनों का मार्ग दर्शन किया है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् ने छात्र-हित से लेकर भारत के व्यापक हित से सम्बद्ध समस्याओं की ओर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् ने बार-बार ध्यान दिलाया है। बांग्लादेशी ग़ैर क़ानूनी घुसपैठी और कश्मीर से धारा 370 को हटाने के लिए विद्यार्थी परिषद् द्वारा समय-समय पर आन्दोलन चलाता रहा है। बांग्लादेश को तीन बीघा जमीन देने के विरुद्ध अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् ने ऐतिहासिक आन्दोलन किया था। शिक्षा के व्यवसायीकरण के खिलाफ अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् ने  बार-बार आवाज उठाती रही है।

इसके अलावां  अलगाववाद, अल्पसंख्यक तुष्टीकरण, आतंकवाद और भ्रष्टाचार जैसी राष्ट्रविरोधी गतिविधियों के विरुद्ध  हम लगातार संघर्षरत रहे हैं। बिहार में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के नाम सबसे अधिक रक्तदान करने का कीर्तिमान है । इसके अतिरिक्त वैसे गरीब मेधावी छात्र, जो प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिय़े निजी कोचिंग संस्थानों में नहीं जा पा रहे है , उनके लिये स्वामी विवेकानंद निःशुल्क शिक्षा कैम्प का आयोजन किया जाता है।

एबीवीपी का इतिहास

जैसा कि हम पहले ही बता चुके है कि एबीवीपी (ABVP) भारत का सबसे बड़ा छात्र समूह है, जिसका शुरुवात आरएसएस के बलराज मधोक द्वारा 1949 में हुआ था | 1958 में, बोम्बे यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर जिनका नाम यशवंतराव केलकर था, एबीवीपी (ABVP) का अध्यक्ष बनाया गया था | इसका निर्माण का उद्देश्य भारत में फैली वामपंथी विचारधारा को हटाना था, साथ ही यह समूह देश से जुडी अन्य सामाजिक गतिविधियों में शामिल रहता है |

एबीवीपी की मेम्बरशिप किस प्रकार लें

  • सबसे पहले एबीवीपी से जुड़ने लिए आपको उसकी ऑफिसियल वेबसाइट जोकि abvp.org पर अपना रजिस्ट्रेशन करना होगा |
  • कृपया https://www.abvp.org/join-abvp पर जाए |
  • अब दिए गए फॉर्म में  सही जानकारी भरे और अपना मंडल ध्यान से चुने |
  • फॉर्म पूरा भरने के बाद इसे फाइनल सबमिट करे
  • फार्म सफलतापूर्वक हो जाने के बाद , आपको फ़ोन या मेल के द्वारा सदयस्ता का स्टेटस मिल जाएगा |

ABVP व्हाट्सप्प ग्रुप से कैसे जुड़े 

एबीवीपी (ABVP) की सदस्यता मिलने के बाद आपको प्रदेश के अनुसार अपने क्षेत्र के coordinator से  सम्पर्क करना होगा अथवा आप मेल से भी व्हाट्सप्प ग्रुप की जानकारी मांग सकते है | आपके मंडल के अनुसार आपको उस क्षेत्र के व्हाट्सप्प ग्रुप में जोड़ दिया जायेगा |आज की समय में यह भारत का सबसे बड़ा छात्र समूह है जिसमे लगभग 30 लाख छात्र जुड़े हुए है | एबीवीपी (ABVP) की ऑफिसियल वेबसाइट जोकि www.abvp.org है, इसके माध्यम से आप एबीवीपी के विषय में सम्पूर्ण जानकारी प्राप्त कर सकते है   यदि इस छात्र संगठन को आप ज्वाइन करना चाहते है , तो इसी वेबसाइट से कर सकते है |

इस आर्टिकल में हमनें ‘एबीवीपी (ABVP)’ के विषय में जानकारी दी| यदि आपको इस जानकारी से सम्बंधित मन में किसी प्रकार का प्रश्न या विचार आ रहा है, या अन्य कोई जानकारी प्राप्त करना चाहते है, तो कमेंट बाक्स के माध्यम से पूँछ सकते है, हम आपके द्वारा की गयी प्रतिक्रिया और सुझावों का इंतजार कर रहे है |