पालतू जानवरों के नाम



Paltu Janwar Ke Naam: दुनिया भर में अलग-अलग प्रजाति के कई जानवर मौजूद हैं, जिनमें से कुछ जानवरों को आसानी से घर में पाला जा सकता है तो कुछ जानवरों के निवास हेतु जंगलों को सर्वोत्तम माने गया है। इंसानों के द्वारा पालतू जानवर के तौर पर सबसे अधिक कुत्ते को ही पसंद किया जाता है।

क्योंकि कुत्ता जानवर इंसानों का वफादार जानवर माना जाता है जो हर विकट परिस्थिति में अपने मालिक के साथ खड़ा हुआ रहता है। हालांकि कुत्ते के अलावा भी ऐसे कई पालतू जानवर है जो इंसानों के सबसे अच्छे दोस्त होते हैं, जिनके बारे में अवश्य ही आपको जानना चाहिए। इस पेज पर हम आपके साथ पालतू जानवरों के नाम | हिंदी और अंग्रेजी में सांझा करेंगे।

जानवर के नाम हिंदी अंग्रेजी में

Pet Animals Name In Hindi

Paltu Pashu Ke Naam : कुत्ता, हाथी और घोड़ा, गधा जैसे कई जानवर है जो इंसानों के लिए अलग-अलग प्रकार से काम आते हैं। जहां कुत्ता जानवर घर की रखवाली के काम आता है वही हाथी और गधे जैसे जानवर माल ढोने के लिए काम आते हैं।

इसके अलावा घोड़े जैसे जानवर का इस्तेमाल तेज गति के साथ किसी जगह पर पहुंचने के लिए या फिर माल ढोने के लिए किया जाता है। इन सभी जानवर के अलावा और भी ऐसे कई जानवर है जो पालतू जानवरों की श्रेणी में आते हैं जिन्हें इंसानों के द्वारा आसानी से पाला जा सकता है।

पालतू जानवरों के नाम | List of Domestic Animals in Hindi and English With Pictures

1: कुत्ता/DOG

कुत्ता इंसानों का सबसे पालतू और वफादार जानवर होता है। इसे आप घर में भी पाल सकते हैं। कुत्तों की अलग-अलग प्रजातियां दुनिया भर में मौजूद है। कुत्ते काफी समझदार होते हैं। कुत्ते शाकाहारी भी होते हैं और मांसाहारी भी होते हैं।

2: गाय/COW

इंसानों के लिए गाय बहुत ही महत्वपूर्ण जानवर है। हिंदू समुदाय में मुख्य तौर पर गाय को गाय माता के तहत पूजा जाता है। गाय का दूध बहुत ही पौष्टिक वाला होता है। इसके दूध में प्रोटीन की मात्रा काफी अच्छी होती है। पालतू जानवर में गाय की गिनती समझदार जानवर के तौर पर होती है।

भारत में अलग-अलग प्रजाति की गाय पाई जाती है। अब तो हाइब्रिड गाय भी उपलब्ध हो चुकी हैं। भारत के ग्रामीण इलाके में अभी भी देसी गाय का पालन काफी बड़े पैमाने पर किया जाता है। मुख्य तौर पर यादव और अहीर जैसी जातियां गाय पालने का काम करती है।

3: भैंस/BUFFELO

भैंस के चार पैर होते हैं और इसके सर पर दो सिंग होती है। हमारे देश में अधिकतर भैंस काली रंग की होती है। भैंस की उन्नत प्रजातियों में साहिवाल, मुर्रा जैसी भैंस की गिनती होती है। एक स्वस्थ भैंस रोजाना सुबह 5 लीटर और शाम को 5 लीटर तक दूध दे सकती है।

4: बकरी/GOAT

बकरी के भी चार पैर होते हैं और यह काली अथवा सफेद रंग की अथवा लाल रंग की होती हैं। कुछ बकरियां ऐसी हैं जो 2 रंगों की भी होती है। बकरी का इस्तेमाल बड़े पैमाने पर मांस प्राप्त करने के लिए भी किया जाता है।

एक बकरी एक साथ दो से 4 बच्चे को भी जन्म दे सकती है। बकरी का दूध भी हमारे देश में पिया जाता है। कहा जाता है कि बकरी का दूध पीने से इंसान जल्दी से चोट से रिकवरी करता है।

5: भेड़/SHEEP

सामान्य तौर पर भेड़ की उम्र 8 साल की होती है, परंतु कुछ भेड़ ऐसी है जो इससे भी अधिक उम्र तक जिंदा रहती है। यह एक शाकाहारी जानवर होता है जो घास और अनाज का ग्रहण करते हैं।

इनके सुनने की क्षमता काफी अच्छी होती है। इनके जो बच्चे होते हैं उन्हें मेमना कहा जाता है। ठंडी के मौसम में इस्तेमाल होने वाले लेदर जैकेट का निर्माण इन्हीं के खाल के द्वारा किया जाता है।

6: घोड़ा/HORSE

घोड़ा शाकाहारी जानवर होता है जिसके 4 पैर होते हैं और इसकी एक लंबी पूछ भी होती है। प्राचीन काल से ही घोड़े का इस्तेमाल माल ढोने के लिए और शिकार करने के लिए किया जा रहा है।

राजा महाराजा युद्ध में घोड़े पर सवार होकर के ही युद्ध करते थे। घोड़े के दौड़ने की स्पीड बहुत ही तेज है। घोड़ा एक समझदार और इंसानों का पालतू जानवर होता है। घोड़े का मुख्य आहार उबला हुआ अथवा कच्चा चना होता है।

7: गधा/DONKEY

कुछ गधे काले रंग के तो कुछ गधे सफेद रंग के होते हैं। इनके चार पैर होते हैं और एक लंबी पूछ होती है तथा इनके दो कान बड़े बड़े होते हैं। अधिकतर देश में गधे का इस्तेमाल माल ढोने के लिए किया जाता है। मादा गधी के दूध का इस्तेमाल लोग पीने के लिए भी करते हैं।

8: याक/YAK

यह एक समझदार जानवर होता है जो तिब्बत के ठंडे इलाके में तथा नेपाल और भारत के उत्तरी राज्यों में पाया जाता है। इनका रंग काला, भूरा, सफेद होता है और इनकी पूरी बॉडी लंबे बालों से ढकी हुई होती है।

सामान्य बोलचाल की भाषा में लोग इसे तिब्बत का बैल भी कहते हैं। इस जानवर की कई प्रजातियां मौजूद है जिनमें से कुछ प्रजातियां जंगली है तो कुछ प्रजातियां पालतू है। इनका इस्तेमाल सवारी ढोने के लिए या फिर माल ढोने के लिए किया जाता है।

9: लामा/IAMA

जिस प्रकार से ऊंट दिखाई देता है उसी प्रकार से लामा जानवर भी दिखाई देता है। इनकी पूछ बहुत ही छोटी होती है और इनकी पूरी बॉडी बालों से ढकी हुई होती है। इस प्रकार के जानवर आसानी से पहाड़ी इलाके में चल सकते हैं‌।

इनका रंग सामान्य तौर पर सफेद या फिर काला होता है अथवा काला सफेद दोनों ही होता है। यह अधिकतर पहाड़ी इलाके में या फिर जंगल में झुंड बनाकर घूमते हैं। भारत में कुछ इंसानों की जातियों के द्वारा इन्हें पाला भी जाता है।

10: ऊंट/CAMEL

ऊंट एक समझदार और इंसानों का पालतू जानवर होता है। इसे रेगिस्तान का जहाज भी कहा जाता है, क्योंकि रेगिस्तान में जहां यात्रा करने के लिए गाड़ियां नहीं जा सकती हैं वहां पर ऊंट आसानी से चला जा सकता है। यह शाकाहारी प्राणी होता है जो फल फूल और पत्तियों इत्यादि का सेवन करता है।

इसकी लंबाई तकरीबन 14 से 17 फीट के आसपास में होती है। इसकी पूछ काफी लंबी होती है। इसके चार पैर होते हैं। सामान्य तौर पर ऊंट का रंग पीला होता है। इनके द्वारा भी रेगिस्तान में माल ढोने का काम किया जाता है।

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11: बिल्ली/CAT

बिल्ली को चीता की प्रजाति का ही जानवर माना जाता है, जिसे घर में भी पाला जा सकता है। बिल्ली की खाल चितकबरी होती है। एक बिल्ली सामान्य तौर पर एक समय में 4 से 5 बच्चों को जन्म देती है।

बिल्ली की तुलना में नर बिल्ला के शरीर का अगर थोड़ा सा बड़ा होता है। इन्हें दूध पीना काफी अधिक पसंद होता है।

12: बंदर/MONKEY

बंदर काफी समझदार जानवर होते हैं। इनकी भी कई प्रजाति दुनियाभर में मौजूद है। अधिकतर बंदर इंसानों की भावनाओं को समझते हैं। जिन बंदरों का चेहरा लाल होता है उन्हें लंगूर बंदर कहा जाता है।

बंदर को भगवान हनुमान जी के साथ भी जोड़कर देखा जाता है और हिंदू धर्म में बंदर की हत्या करना अत्यंत पाप माना जाता है। मादा बंदर को बंदरिया कहा जाता है।

13: खरगोश/RABBIT

खरगोश बहुत ही मासूम और कोमल जानवर होता है, जो अधिकतर सफेद अथवा काले रंग में पाया जाता है। यह सामान्य तौर पर जंगली इलाके में रहना पसंद करते हैं।

इनके दौड़ने की स्पीड बहुत ही तेज होती है। लोग अपने घरों में शौक के तौर पर खरगोश को पालते हैं। इनका सबसे पसंदीदा भोजन गाजर होता है।

14: चूहा/RAT

चूहा काले अथवा सफेद रंग के होते हैं अथवा कभी-कभी मिक्स रंग के भी होते हैं। कुछ चूहे ऐसे है जिन्हें घरों में पाला जा सकता है और कुछ चूहे ऐसे है जिन्हें घरों में नहीं पाला जा सकता है।

जंगली चूहे को जंगल में ही रखा जा सकता है। चूहा सामान्य तौर पर बड़े बिल बनाकर रहते हैं। यह किसी भी चीज को आसानी से कुतर सकते हैं। इन्हें गणेश जी का वाहन माना जाता है।

15: कछुआ/TURTLE

कछुआ एक आलसी जानवर होता है जिसे घरों में पानी के अंदर रखकर या फिर बड़ी टंकी में रखकर पाला जाता है। इनके चलने की स्पीड बहुत ही कम होती है और यह काफी सुस्त होते हैं।

कछुआ की पीठ के ऊपर एक ढाल होती है जो काफी मजबूत होती है। कछुआ अपने पैरों को और अपने सर को अपनी ही बॉडी के अंदर डालने में सक्षम होता है। ऐसा यह तब करता है जब इसे किसी प्रकार के खतरे का आभास होता है।

16: हाथी/ELEPHANT

हाथी एक विशालकाय जानवर होता है जिसके चार बड़े-बड़े पैर होते हैं और 1 लंबी पूछ होती है। इनके कान काफी बड़े बड़े होते हैं। हाथी  समझदार जानवर होता है, जो इंसानों के संकेत को आसानी से समझ लेता है।

इनका सबसे प्रिय भोजन कच्चा अथवा पक्का केला होता है। हाथी जानवर को हिंदू समुदाय में पूजनीय माना जाता है। इनके द्वारा माल ढोने का काम किया जाता है, साथ ही जंगल सफारी करने के लिए भी हाथी का इस्तेमाल होता है।

17: खच्चर/MULE

घोड़ा और गधे के आपस में संबंध स्थापित करने के बाद जो जानवर पैदा होता है उसे खच्चर कहा जाता है। सामान्य तौर पर खच्चर का इस्तेमाल बोझा ढोने के लिए किया जाता है। औद्योगिकरण होने से पहले खच्चर को सामान लाने और ले जाने में इस्तेमाल किया जाता था।

एक खच्चर सफेद या फिर काले रंग का होता है। इनके चार पैर होते हैं और कुछ हद तक यह गधे के तरह ही दिखाई देते हैं। इसीलिए कई लोग गधे में और खच्चर में फर्क नहीं कर पाते हैं।

18: सांड/BULL

सांड गुस्सैल प्रवृत्ति के होते है परंतु इन्हें पाला जा सकता है। इसीलिए इन्हें पालतू जानवर की सूची में रखा गया है। सांड का अधिकतर इस्तेमाल माल ढोने के लिए किया जाता है। यह सफेद या काले रंग के अथवा भूरे या फिर पीले रंग के भी हो सकते हैं।

इन के चार पैर होते हैं और बड़े बड़े कान होते तथा एक लंबी पूछ होती है। वर्तमान के समय में सांड की उपयोगिता देश में काफी कम हो गई है। इसलिए देश में आवारा सांड की समस्या काफी बढ़ गई है।

19: बैल/OX

ग्रामीण भाषा में बैल को बड़दा कहां जाता है। यह तकरीबन 8 से 9 फीट के आसपास में होते हैं। इनका मुख्य तौर पर इस्तेमाल किसानों के द्वारा खेती में किया जाता है।

हालांकि अब तो ट्रैक्टर आ जाने की वजह से बैल का इस्तेमाल काफी कम किया जाने लगा है, अन्यथा पहले इनकी उपयोगिता काफी अधिक होती थी।

20: सूअर/PIG

सूअर की कई प्रजातियां होती हैं जिनके अंतर्गत जंगली सूअर को जंगल में ही रखा जाता है और देसी सूअर को घर में पाला जा सकता है। देश में ऐसे कई इलाके हैं जहां पर सूअर पालन व्यवसाय किया जाता है। एक स्वस्थ सूअर की मार्केट में कीमत तकरीबन 11000 से लेकर के ₹13000 के आसपास में होती है।

सूअर की चर्बी से तेल का निर्माण किया जाता है, जो शारीरिक दर्द को दूर करने का काम करता है। इस्लाम समुदाय में सूअर का मांस खाना हराम है। हिंदू धर्म में भगवान वाराह को सूअर का अवतार कहा जाता है।

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21: मुर्गी/HEN

मुर्गी अंडा देने में और बच्चे पैदा करने में सक्षम होती है। देसी मुर्गी कई रंगों की होती है और हाइब्रिड मुर्गी अधिकतर सफेद रंग की होती है।

मुर्गी पालन का जो बिजनेस किया जाता है उसे मुर्गी फार्मिंग बिजनेस कहा जाता है। लोग मुख्य तौर पर घर में मुर्गी अंडा प्राप्त करने के उद्देश्य से या फिर मांस प्राप्त करने के उद्देश्य से पालते हैं।

22: बत्तख/DUCK

बतख एक समझदार पालतू जानवर होती है। इसे पक्षियों की श्रेणी में रखा गया है और अधिकतर यह पानी में ही रहना पसंद करती है। बतख की चोच पीले रंग की होती है।

यह छोटे-मोटे कीड़े मकोड़े खाकर अपना गुजारा करती है। बतख को पालने के लिए छोटे-मोटे तालाब या फिर टैंक की आवश्यकता पड़ती है। लोग अपने घरों की शोभा बढ़ाने के लिए बत्तख पालन करते हैं।

23: कबूतर/PIGEON

सामान्य तौर पर कबूतर शहर या फिर ग्रामीण इलाके में पाया जाता है। यह सफेद रंग के, काले रंग के अथवा ग्रे रंग के होते हैं। इन्हें बुद्धिमान पक्षी कहा जाता है। कबूतर इंसानों के बहुत ही करीबी जानवर होते हैं।

अक्सर यह झुंड में घूमना या फिर रहना पसंद करते हैं। इनके द्वारा पेड़ों पर अपना घोंसला बनाया जाता है। मादा कबूतर के द्वारा अंडा देने के पश्चात 18 दिनों के बाद कबूतर के बच्चे अंडे से बाहर निकलते हैं।

24: डॉल्फिन/DOLPHIN

एक बहुत ही समझदार प्राणी होती है जो पानी में रहती है। इसे इंसानों का अच्छा दोस्त कहा जाता है। डॉल्फिन जानवर इंसानों की भावनाओं को आसानी से समझ सकती है।

इनका वजन सामान्य तौर पर 200 किलो से लेकर के 280 किलो के आसपास में होता है और यह हल्के काले रंग में होती हैं। इनका इस्तेमाल सर्कस दिखाने के लिए किया जाता है।

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FAQ:

घर में पालने वाले जानवर कौन कौन से हैं ?

घर में आप कुत्ता, बिल्ली, खरगोश, चूहा, कछुआ इत्यादि जानवर पाल सकते हैं।

भारत में कितने पालतू जानवर है ?

भारत में पालतू जानवर की संख्या 50 से भी अधिक है।

पालतू जानवर को क्या कहते हैं इंग्लिश में ?

पालतू जानवर को इंग्लिश में डोमेस्टिक एनिमल कहते हैं, जिसमें डोमेस्टिक का मतलब घरेलू और एनिमल का मतलब जानवर होता है।

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